Tuesday, November 12, 2019

गुड़िया रानी 

गुड़िया रानी 

गुड़िया मेरी सुन्दर है, 
सबकी राजदुलारी है।  
सबके मन को भाती है, 
अच्छा नाच दिखती है। 
रूठ अगर वो जाती है, 
दूध बताशे खाती है। 
नानी के घर जाती है, 
ठंडा पानी पीती है। 

            नाम - काजल 
    स्तर -  I
          अपना स्कूल हाजीपुर ,बिहार 

Thursday, September 26, 2019

जल ही जीवन है


जल ही जीवन है,
जल नहीं तो जीवन नही ।
हम सब ने जाना है,
जल हुमे बचाना है ।
बचत करो धन की,
तो बचत करो जल की
धरती पर अगर रहना है,
तो जल को हमे बचाना

Thursday, July 25, 2019

 बिहार (पौरा ,हाजीपुर ,चिरैया ) राज्य में चल रहे सेंटरों के बच्चों द्वारा स्वारचित कविताएँ और चित्र 






Saturday, July 20, 2019

माँ तू जन्नत का फूल है


माँ तू जन्नत का फूल है,
प्यार करना तो उनका उसूल है।  
दुनिया की मोहब्बतें फिजूल है ,
माँ तू जन्नत का फूल है।  
माँ की हर दुआ कुबूल है ,
माँ को नाराज करना ,  
इन्सान की भूल है । 
माँ की कदमों की मिट्टी,
जन्नत की धूल है।
माँ तू जन्नत का फूल है। 

 
  नाम - रोहित 

कक्षा - 8